धर्मयुद्ध (Crusades)
लुई ने ईरान में मंगोलों के पास एक दूतावास भेजा
ईरान
13वीं सदी के पूर्वी भूमध्यसागरीय क्षेत्र में राजनीति जटिल थी, जिसमें कई शक्तिशाली और इच्छुक पक्ष शामिल थे। फ्रांसीसी का नेतृत्व फ्रांस के अत्यंत धर्मपरायण लुई नवम और उनके महत्वाकांक्षी विस्तारवादी भाई नेपल्स के चार्ल्स प्रथम कर रहे थे। मंगोलों के साथ संचार में शामिल विशाल दूरियों के कारण बाधा उत्पन्न हुई। लुई ने 1249 में फ्रेंको-मंगोल गठबंधन की मांग करते हुए ईरान में मंगोलों के पास एक दूतावास भेजा।
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